लखनऊ:- गोरखपुर में मंगलवार को ‘गोरखपुर महोत्सव 2026’ का भव्य समापन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उपस्थिति में हुआ। तीन दिवसीय इस महोत्सव ने न केवल गोरखपुर की पुरातन संस्कृति और सभ्यता को आधुनिकता के साथ जोड़कर प्रदर्शित किया, बल्कि इसे रोजगार और संभावनाओं के एक नए मंच के रूप में भी स्थापित किया।
विकास और विरासत का संगम

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि 2017 से पहले का गोरखपुर उपेक्षित, असुरक्षित और मच्छर व माफिया के लिए जाना जाता था, लेकिन आज का गोरखपुर विकास की नई बुलंदियों को छू रहा है। उन्होंने कनेक्टिविटी, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में हुए कार्यों का उल्लेख करते हुए बताया कि कैसे अब लखनऊ की दूरी मात्र 3 घंटे और अयोध्या की दूरी डेढ़ घंटे रह गई है। महोत्सव के माध्यम से स्थानीय उत्पादों, विज्ञान प्रदर्शनी और ओडीओपी (ODOP) को एक बड़ा मंच मिला है।
मैथिली ठाकुर का सम्मान और सांस्कृतिक रंग

महोत्सव के अंतिम दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम रही। मुख्यमंत्री ने मिथिला की प्रख्यात भजन गायिका और बिहार विधान सभा की सदस्य सुश्री मैथिली ठाकुर को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने मैथिली ठाकुर की प्रशंसा करते हुए उन्हें ‘मिथिला की बेटी’ बताया और उनकी गायकी को सांस्कृतिक पुनर्जागरण का हिस्सा माना। महोत्सव में भोजपुरी कलाकार पवन सिंह और प्रसिद्ध रैपर बादशाह के कार्यक्रमों ने भी युवाओं में भारी उत्साह भरा।
‘गोरखपुर गौरव सम्मान’ से विभूषित हुईं विभूतियां

मुख्यमंत्री ने जनपद की उन छह विभूतियों को ‘गोरखपुर गौरव सम्मान’ से नवाजा, जिन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य कर जिले का नाम रोशन किया है:
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खेल: बैडमिंटन खिलाड़ी शिवम यादव, हैंडबॉल चैंपियन अनन्या यादव और अंतरराष्ट्रीय पर्वतारोही नीतीश सिंह।
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विज्ञान: शोध के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रोफेसर शरद कुमार मिश्र।
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सामाजिक कार्य: गोरखपुर के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास में योगदान हेतु आर्किटेक्ट आशीष श्रीवास्तव।
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कृषि: आधुनिक खेती और नवाचार के लिए अविनाश कुमार मौर्य।
मुख्यमंत्री ने दी मकर संक्रांति की शुभकामनाएं

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 15 जनवरी को होने वाले मकर संक्रांति (खिचड़ी) मेले के लिए सभी को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह पर्व नई आशाओं और शुभ कार्यों के मुहूर्त का प्रतीक है। सीएम ने महोत्सव के सफल आयोजन के लिए जनप्रतिनिधियों, पुलिस-प्रशासन और स्वयंसेवी संगठनों का हृदय से आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री ने युवाओं को तकनीक का सही इस्तेमाल करने और साइबर अपराधों से बचने की सलाह देते हुए सुरक्षित और अनुशासित जीवन जीने का आह्वान किया। महोत्सव का समापन एक नई ऊर्जा और गोरखपुर के स्वर्णिम भविष्य के संकल्प के साथ हुआ।