लेखराम मौर्य
लखनऊ । करीब 4 महीने बाद होने वाले पंचायत चुनाव और अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए मलिहाबाद क्षेत्र की विधायक जय देवी कौशल ने इंटरलॉकिंग, सीसी रोड, विद्युत कार्य, नाली नाला निर्माण,पेयजल सहित 12 महापुरुषों के नाम पर विधायक निधि से स्मृति द्वार बनाने के लिए सहमति प्रदान कर दी है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पिछले वर्षों सहित इस वित्तीय वर्ष में कई कार्यों के निर्माण की स्वीकृति प्रदान करने के साथ ही मलिहाबाद क्षेत्र में 12 महापुरुषों के नाम पर स्मृति द्वार बनाए जाएंगे जिनके लिए 4 दिसंबर को स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। महापुरुषों के नाम पर जिन स्थानों पर स्मृति द्वार बनाए जाएंगे उनमें काकोरी के झांखर बाग चौराहे पर महारानी लक्ष्मीबाई, काकोरी क्षेत्र के ही नरौना मोड़ पर वीरांगना अवंती बाई, इसी क्षेत्र के जेहटा माल मार्ग पर मौरा के पास महाराजा लाखन पासी, काकोरी में ही मलिहाबाद -मोहन रोड पर गौशालापुर के पास अहिल्याबाई होल्कर, मलिहाबाद चौराहे के पास माल रोड पर सम्राट अशोक महान, इसी रोड पर नबीपनाह में श्यामा प्रसाद मुखर्जी, माल चौराहे के आसपास महाराणा प्रताप सिंह की कसमंडी कला में महाराजा कंसा पासी, बरगदिया चौराहे के पास वीरांगना ऊदा देवी पासी तथा मंझी पुल के पास वीरांगना झलकारी बाई, इसके अलावा सैदापुर चौराहे के पास छत्रपति शाहू जी महाराज और कोलवा के रामघाट पर निषाद राज की याद में स्मृति द्वार बनाए जाएंगे। इनको बनाने की स्वीकृति मिल चुकी है परंतु बनने में कितना समय लगेगा अभी यह कहना मुश्किल है फिर भी भारतीय जनता पार्टी के नेता और कार्यकर्ता चाहेंगे कि पंचायत चुनाव से पूर्व ही यह स्मृति द्वारा बनकर तैयार हो जाएं जिससे वह चुनाव में इसका लाभ ले सकें। भले ही यह स्मृति द्वार विधायक निधि से बनाए जाएंगे और आगामी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए इनका निर्माण करने की स्वीकृति प्रदान की गई है बावजूद इसके इनका चुनाव पर क्या असर पड़ेगा अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी। दूसरी ओर प्रदेश की सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी के नेता इसकी काट के लिए कौन सा फार्मूला अपनाएंगे जिससे उनको चुनाव में इसका नुकसान न उठाना पड़े।
