बिज़नेस : अगर आप अपने बच्चे के भविष्य के लिए सुरक्षित और लंबी अवधि का निवेश करना चाहते हैं, तो पब्लिक प्रोविडेंट फंड यानी PPF एक अच्छा विकल्प हो सकता है। माता-पिता या कानूनी अभिभावक नाबालिग बच्चे के नाम पर PPF अकाउंट खुलवा सकते हैं। इसकी शुरुआत साल में सिर्फ 500 रुपये के न्यूनतम निवेश से की जा सकती है। मौजूदा नियमों के अनुसार PPF में एक वित्त वर्ष के दौरान न्यूनतम 500 रुपये और अधिकतम 1.5 लाख रुपये तक जमा किए जा सकते हैं। यह रकम एकमुश्त या किस्तों में जमा की जा सकती है।
PPF की सबसे बड़ी खासियत इसकी लंबी अवधि और कंपाउंडिंग का फायदा है। खाता 15 साल के लिए होता है और मैच्योरिटी के बाद इसे 5-5 साल के ब्लॉक में आगे बढ़ाया जा सकता है। 1 जुलाई 2026 से लागू ब्याज दर 7.1 प्रतिशत सालाना बताई गई है, हालांकि सरकार समय-समय पर ब्याज दरों में बदलाव कर सकती है।
बच्चे के नाम पर PPF खोलते समय एक अहम नियम यह है कि माता-पिता या कानूनी अभिभावक ही खाते का संचालन करते हैं। साथ ही, किसी व्यक्ति के अपने PPF खाते और नाबालिग की ओर से खोले गए खाते में जमा राशि को मिलाकर सालाना निवेश सीमा का ध्यान रखना जरूरी है।
इस योजना में निवेश पर आयकर कानून की धारा 80C के तहत नियमों के अनुसार टैक्स लाभ मिल सकता है और ब्याज भी टैक्स-फ्री होता है। इसलिए अगर निवेशक हर साल नियमित रूप से रकम जमा करता है और लंबी अवधि तक निवेश बनाए रखता है, तो कंपाउंडिंग के जरिए बच्चे की पढ़ाई, उच्च शिक्षा या अन्य भविष्य की जरूरतों के लिए बड़ा फंड तैयार किया जा सकता है।
हालांकि निवेश से पहले अपनी आय, वित्तीय लक्ष्य और मौजूदा टैक्स नियमों को ध्यान में रखना जरूरी है, क्योंकि PPF लंबी अवधि की योजना है और इसकी निकासी के नियम अलग-अलग स्थितियों में लागू होते हैं।
