हरियाणा: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने चंडीगढ़ में हरियाणा विधानसभा और हरियाणा योग आयोग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के उपलक्ष्य में “योग प्रोटोकॉल प्रशिक्षण कार्यक्रम” में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने योग को जन-जन तक पहुंचाने और स्वस्थ एवं नशा-मुक्त समाज के निर्माण का संकल्प दोहराया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि “स्वस्थ आयु के लिए योग, योग युक्त-नशा मुक्त हरियाणा” अभियान राज्य को एक नई दिशा देने का कार्य करेगा। उन्होंने कहा कि योग केवल एक शारीरिक गतिविधि नहीं, बल्कि एक ऐसी जीवनशैली है जो व्यक्ति के मानसिक, शारीरिक और आध्यात्मिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
नायब सिंह सैनी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में योग को वैश्विक पहचान मिली है। प्रधानमंत्री की पहल पर संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मान्यता प्रदान की, जो भारत की प्राचीन संस्कृति और परंपरा को विश्व मंच पर स्थापित करने की ऐतिहासिक उपलब्धि है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है, जो लोगों को स्वस्थ, अनुशासित और संतुलित जीवन जीने की प्रेरणा देता है। उन्होंने युवाओं से विशेष रूप से योग को अपनाने और नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रहने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में योग प्रशिक्षकों और प्रतिभागियों को योग के विभिन्न प्रोटोकॉल की जानकारी दी गई। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि योग के व्यापक प्रचार-प्रसार से हरियाणा को स्वस्थ, जागरूक और नशा-मुक्त राज्य बनाने का लक्ष्य अवश्य पूरा होगा।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार योग को जन आंदोलन बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है और आने वाले समय में इसके सकारात्मक परिणाम समाज में देखने को मिलेंगे।
