बिज़नेस : पतंजलि आयुर्वेद अब इंश्योरेंस सेक्टर में बड़ा कदम रखने जा रही है। कंपनी को मैग्मा जनरल इंश्योरेंस में बहुमत हिस्सेदारी खरीदने के लिए बीमा नियामक IRDAI से आधिकारिक मंजूरी मिल गई है। कंपनी ने इस संबंध में स्टॉक एक्सचेंज को जानकारी देते हुए बताया कि 28 जुलाई 2026 को जारी पत्र के जरिए नियामक ने इस अधिग्रहण को मंजूरी प्रदान की है। यह मंजूरी अगले तीन महीनों तक वैध रहेगी, जिसके भीतर इस डील की प्रक्रिया पूरी की जा सकती है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस अधिग्रहण की कुल कीमत करीब 4,500 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इस डील के तहत पतंजलि आयुर्वेद मैग्मा जनरल इंश्योरेंस की 73.6 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदेगी, जबकि धर्मपाल सत्यपाल यानी डीएस ग्रुप 24.5 प्रतिशत हिस्सेदारी का मालिक बनेगा। इस अधिग्रहण के बाद पतंजलि कंपनी की नई प्रमोटर बन जाएगी। इससे पहले कंपनी की सबसे बड़ी हिस्सेदार सनोटी प्रॉपर्टीज थी, जो आदार पूनावाला समूह से जुड़ी है।
इस डील की शुरुआत मार्च 2025 में हुई थी, जब पतंजलि के नेतृत्व वाले खरीदार समूह और मौजूदा शेयरधारकों के बीच शेयर परचेज एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर किए गए थे। 12 मार्च 2025 को इसकी जानकारी स्टॉक एक्सचेंज को दी गई थी। हालांकि, नियामकीय मंजूरी मिलने में अपेक्षा से अधिक समय लगने के कारण मार्च 2026 में इस समझौते की समय सीमा को आगे बढ़ाया गया था।
अब IRDAI की मंजूरी मिलने के बाद इस सौदे का रास्ता लगभग साफ हो गया है। माना जा रहा है कि इस अधिग्रहण के जरिए पतंजलि आयुर्वेद वित्तीय सेवाओं और इंश्योरेंस कारोबार में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराएगी। यह डील भारतीय बीमा उद्योग में प्रतिस्पर्धा को भी नया आयाम दे सकती है। आने वाले समय में कंपनी ग्राहकों के लिए नए बीमा उत्पाद और सेवाएं पेश कर सकती है, जिस पर बाजार की भी नजर बनी हुई है।
